Kapus Bajarbhav : कपास (Cotton Crop) महाराष्ट्र में उत्पादित एक प्रमुख फसल है। इस फसल की खेती खानदेश, विदर्भ, मराठवाड़ा और पश्चिमी महाराष्ट्र के कुछ जिलों में व्यापक रूप से की जाती है। खानदेश को कॉटन बेल्ट के नाम से जाना जाता है। जलगाँव जिला पूरे भारत में कपास उत्पादन (Cotton Production) के लिए जाना जाता है।

दरअसल, विशेषज्ञों का अनुमान है कि इस साल पूरे महाराष्ट्र में कपास की खेती बढ़ी है। कपास को पिछले साल रिकॉर्ड बाजार मूल्य (Cotton Rate) मिला था, इसलिए सभी को उम्मीद थी कि इस साल कपास की खेती बढ़ेगी। इस साल कपास की खेती भी बढ़ी है। हालांकि कटाई के मौसम में हो रही बारिश कपास की फसल के लिए खतरनाक है और कहा जाता है कि इससे कपास का उत्पादन कम हो जाएगा।

वर्तमान में राज्य में हो रही वापसी बारिश से कपास की गुणवत्ता खराब हो रही है। इससे कपास में नमी भी बढ़ रही है। नतीजतन, एक तस्वीर है कि, इस तरह के कपास को बाजार में बहुत ही कम कीमत (Cotton Price) मिल रही है। अधिक नमी वाले कपास का कपास बाजार भाव 6 हजार रुपये प्रति क्विंटल से शुरू हो रहा है। वहीं दूसरी ओर अच्छी गुणवत्ता वाले कपास का बाजार भाव (Cotton Market Price) 8500 रुपये प्रति क्विंटल से मिल रहा है।

इस बीच कपास की खेती करने वाले भाइयों के लिए भी एक राहत भरी खबर सामने आ रही है। हम यहां आपकी जानकारी के लिए बताना चाहेंगे कि उत्तर भारत में कपास की कीमतों में थोड़ी बढ़ोतरी हुई है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार उत्तर भारत में कपास का बाजार भाव 9,800 रुपये प्रति क्विंटल तक है। इससे कपास किसानों को निश्चित तौर पर राहत मिलेगी।

इस बीच, जानकार लोगों के अनुसार, देश में यार्न मिलें अभी तक पूरी क्षमता से शुरू नहीं हुई हैं। इससे कपास की मांग थोड़ी कम है। जब कताई मिलें पूरी क्षमता से काम करना शुरू करेंगी, तो कताई मिलों से कपास की मांग में काफी वृद्धि होगी। बेशक, कपास की कम मांग के कारण कपास की कीमतें इस समय दबाव में हैं।

हालांकि, अगले महीने से स्थिति बदल जाएगी और संभावना है कि, कपास से कपास की मांग बढ़ेगी और साथ ही उद्योग से कपास की मांग भी बढ़ेगी। ऐसे में अगले महीने से कपास का बाजार भाव 9000 रुपये प्रति क्विंटल तक पहुंचने की उम्मीद है| इससे किसानों को बाजार की समीक्षा करने और कपास बेचने में फायदा होगा।

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *